श्री कण्टालिया फाउण्डेशन: समग्र विकास की साझा सोच और सशक्त मंच
श्री कण्टालिया फाउण्डेशन एक व्यापक और दूरदर्शी संस्थान है, जिसकी परिकल्पना कण्टालिया गांव ही नहीं, बल्कि आसपास के क्षेत्रों के समग्र और संतुलित विकास को ध्यान में रखकर की गई है। यह फाउण्डेशन एक ऐसे छाता संगठन (Umbrella Organization) के रूप में विकसित किया जा रहा है, जिसके अंतर्गत विभिन्न विषयों और क्षेत्रों में कार्य करने वाले अलग–अलग संस्थानों और पहलों का निर्माण किया जाएगा, ताकि विकास के हर पहलू पर संगठित, प्रभावी और दीर्घकालीन कार्य किया जा सके।
फाउण्डेशन की मूल सोच यह है कि किसी भी क्षेत्र का वास्तविक विकास केवल एक क्षेत्र तक सीमित नहीं हो सकता। जब तक पर्यावरण संरक्षण, सामाजिक चेतना, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और रोजगार के अवसर साथ–साथ आगे नहीं बढ़ते, तब तक विकास अधूरा रहता है। इसी कारण श्री कण्टालिया फाउण्डेशन इन सभी महत्वपूर्ण विषयों को केंद्र में रखकर योजनाबद्ध और गंभीर प्रयास करने के लिए तैयार किया गया है।
फाउण्डेशन के अंतर्गत तैयार किए जाने वाले विभिन्न संस्थान और कार्यक्रम कण्टालिया गांव के विकास के साथ–साथ आसपास के गांवों की आवश्यकताओं को भी ध्यान में रखेंगे। इसका उद्देश्य केवल सहायता प्रदान करना नहीं, बल्कि स्थायी समाधान, स्थानीय सहभागिता और आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देना है। फाउण्डेशन मानता है कि जब समाज के लोग स्वयं विकास प्रक्रिया का हिस्सा बनते हैं, तभी परिवर्तन स्थायी और प्रभावी होता है।
पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में फाउण्डेशन जल संरक्षण, वृक्षारोपण, स्वच्छता, और प्राकृतिक संसाधनों के संतुलित उपयोग को बढ़ावा देने के लिए कार्य करने की दिशा में अग्रसर है। बदलते पर्यावरणीय परिदृश्य को देखते हुए यह आवश्यक है कि विकास प्रकृति के साथ संतुलन बनाकर किया जाए, और यही सोच फाउण्डेशन की कार्ययोजना का अहम हिस्सा है।
सामाजिक क्षेत्र में श्री कण्टालिया फाउण्डेशन सामाजिक समरसता, आपसी भाईचारे, महिला सशक्तिकरण और कमजोर वर्गों के उत्थान के लिए कार्य करेगा। इसके अंतर्गत महिला समूहों की स्थापना, सामाजिक जागरूकता अभियान और सामुदायिक संवाद जैसे कार्यक्रमों को प्राथमिकता दी जाएगी, ताकि समाज के हर वर्ग को समान अवसर और सम्मान मिल सके।
शिक्षा फाउण्डेशन की सबसे महत्वपूर्ण प्राथमिकताओं में से एक है। गुणवत्तापूर्ण और सुलभ शिक्षा के बिना किसी भी क्षेत्र का भविष्य सुरक्षित नहीं हो सकता। इसी सोच के साथ फाउण्डेशन शैक्षणिक संस्थानों के सहयोग, निशुल्क शिक्षण अभियानों, मार्गदर्शन कार्यक्रमों और कौशल आधारित शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध है, ताकि बच्चे और युवा अपने सपनों को साकार कर सकें।
इसके साथ ही रोजगार और आजीविका के क्षेत्र में फाउण्डेशन युवाओं और महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए कौशल विकास, प्रशिक्षण और स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर सृजित करने की दिशा में कार्य करेगा। इसका लक्ष्य है कि लोग रोजगार की तलाश में अपने गांव छोड़ने को मजबूर न हों, बल्कि स्थानीय स्तर पर ही सम्मानजनक आजीविका के साधन उपलब्ध हों।
कुल मिलाकर, श्री कण्टालिया फाउण्डेशन एक ऐसा मंच बनने की दिशा में अग्रसर है, जो विचार, संगठन और समाज को जोड़ते हुए कण्टालिया और आसपास के गांवों के लिए समग्र, समावेशी और टिकाऊ विकास की राह तैयार करे। यह फाउण्डेशन सामूहिक प्रयास, पारदर्शिता और दीर्घकालीन सोच के साथ आने वाले समय में क्षेत्र के विकास का एक




